शिक्षक भर्ती नियमावली में बदलाव के विरोध में हम पार्टी के राष्ट्रिय अध्यक्ष संतोष मांझी बैठे धरने पर
पटना के गर्दनीबाग में हम पार्टी के राष्ट्रिय अध्यक्ष संतोष मांझी अपने विधायकों के साथ धरने पर बैठ गए है। वे शिक्षक भर्ती नियमावली में बदलाव होने के विरोध में धरना कर रहे है। शिक्षक भर्ती नियमो में बदलाव के बाद लगातार विरोध हो रहा है। बता दें कि मांझी की पार्टी महागठबंधन को छोड़कर एनडीए में आयी है। संतोष मांझी ने बिहार सरकार के मंत्री पद से इस्तीफा दिया था। इसके बाद अब उन्होंने सरकार के खिलाफ धरना दिया है।
सोमवार को संतोष मांझी ने एक बड़ा वयान दिया था। उन्होंने कहा था कि महाराष्ट्र के बाद अब बिहार में खेला होने वाला है। जेडीयू के कई विधायक अब तेजस्वी यादव के साथ जायेंगे। संतोष मांझी ने कहा नितीश कुमार यह बात जानते हैं। इसलिए वे अब विधायकों को रोकने के लिए वन टू वन बात कर रहे हैं। लेकिन सफल नहीं हो पाएंगे। तेजस्वी पांच से दस दिन के भीतर ही जेडीयू को तोड़ देंगे।
संतोष मांझी ने कहा कि नितीश कुमार के लिए एनडीए के दरवाजे बंद हैं वह चाह कर भी एनडीए में नहीं आ सकते। उन्होंने कहा कि शिक्षक भर्ती नियमावली में हुए बदलावों को तुरंत वापिस लिया जाये। दूसरे राज्यों में बाहरी लोगो को नौकरी नहीं दी जाती है। लेकिन बिहार की सरकार दूसरे राज्य के अभ्यर्थियों को राज्य में शिक्षक बनने का मौका दे रही है। बिहारी शिक्षक अभ्यर्थियों को अधिकार छिना जा रहा है।
बिहार के शिक्षा मंत्री पर साधा निशाना
संतोष मांझी ने बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर पर निशाना साधते हुए कहा कि बिहार के शिक्षा मंत्री कहते हैं कि बिहार में गणित, अंग्रेजी और विज्ञानं के कॉम्पीटेंट अभ्यर्थी नहीं मिल पाते हैं। जिससे सीटें खाली रह जाती हैं। जिसके बाद सरकार ने इसतरह का निर्णय लिया है। संतोष मांझी ने कहा कि शिक्षा मंत्री को इस्तीफा दे देना चाहिए, जो बिहार का अपमान कर रहे हैं। महगठबंधन सरकार ने जो 20 लाख रोजगार देने का वादा किया था। उसे वे पूरा नहीं कर प् रहे हैं।
