राजा रघुवंशी हत्याकांड: हनीमून की आड़ में सुनियोजित मर्डर प्लान, पत्नी सोनम सहित पांच गिरफ्तार
राजा रघुवंशी की रहस्यमयी मौत का मामला अब एक गहरा षड्यंत्र बनकर सामने आ रहा है। जिस सोनम रघुवंशी को बीते 17 दिनों से मेघालय पुलिस, एनडीआरएफ और तमाम सुरक्षाबल जंगल-जंगल ढूंढ रहे थे, वो अचानक उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में मिली। यही नहीं, अब जो जानकारी सामने आई है, उसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है — राजा की हत्या का मास्टरमाइंड कोई और नहीं बल्कि उनकी पत्नी सोनम ही निकली।
सुपारी देकर कराई पति की हत्या
जानकारी के अनुसार, सोनम ने हनीमून पर अपने पति राजा रघुवंशी की हत्या करवाने के लिए सुपारी किलर को हायर किया था। पुलिस की पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि सोनम का अफेयर अपने पिता की कंपनी में काम करने वाले राज कुशवाहा से चल रहा था, जो उम्र में उससे पांच साल छोटा है। इसी रिश्ते को बनाए रखने के लिए उसने अपने पति को रास्ते से हटाने की योजना बनाई।
शादी के सिर्फ 28 दिन बाद बना मर्डर प्लान
राजा और सोनम की शादी 11 मई को हुई थी और महज 28 दिनों के अंदर यह दर्दनाक घटना घट गई। 20 मई को दोनों बेंगलुरु होते हुए गुवाहाटी पहुंचे और वहां मां कामाख्या देवी के दर्शन किए। इसके बाद सोनम के कहने पर दोनों मेघालय की ओर रवाना हो गए। 22 मई को परिवार से आखिरी बातचीत के बाद दोनों के मोबाइल बंद हो गए। 2 जून को राजा की लाश खाई में मिली, जबकि सोनम लापता हो गई।
पहले से थी हत्या की योजना?
राजा के परिवार वालों का कहना है कि हनीमून का पूरा प्लान सोनम ने खुद ही बनाया था। राजा को तो सिर्फ गुवाहाटी जाने की बात पता थी, मेघालय का जिक्र उसने घर पर नहीं किया था। इसके अलावा, जिस जगह राजा की लाश मिली, वो इलाका पहले से ही खतरनाक माना जाता है और वहां पहले भी हादसे हो चुके हैं। इसलिए माना जा रहा है कि सोनम ने जानबूझकर उसी जगह का चयन किया।
गाइड की गवाही से टूटा केस का ताला
शिलॉन्ग के एक गाइड की गवाही इस केस की सबसे अहम कड़ी बन गई। गाइड ने बताया कि उसने 23 मई को सोनम और राजा को तीन अन्य अजनबी लोगों के साथ देखा था। ये सभी लोग एक ट्रेकिंग ट्रेल पर साथ थे और हिंदी में बातचीत कर रहे थे। गाइड के बयान से पुलिस को यह अंदेशा हुआ कि हत्यारे मेघालय के नहीं, बल्कि बाहरी राज्य से हो सकते हैं।
पुलिस ने पांच आरोपियों को किया गिरफ्तार
9 जून को सोनम को गाजीपुर में गिरफ्तार किया गया। उसके साथ तीन और लोगों को भी हिरासत में लिया गया जो इस हत्या में शामिल थे। कुछ ही समय बाद सोनम के प्रेमी राज कुशवाहा को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। मेघालय पुलिस प्रमुख आई नोंगरंग ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया है कि सोनम ने ही राजा की हत्या करवाने के लिए उन्हें काम पर रखा था।
कैसे पुलिस की पकड़ से बचती रही सोनम?
एनडीआरएफ की विशेष टीमें, मेघालय पुलिस और अन्य सुरक्षाकर्मी कई दिनों तक जंगलों, घाटियों और खाइयों में सोनम की तलाश कर रहे थे। जबकि वह गाजीपुर में सामान्य जीवन जी रही थी। आखिरकार उसने खुद ही अपने परिजनों को फोन कर संपर्क किया और उसी आधार पर पुलिस ने उसे पकड़ा।
राजा रघुवंशी की हत्या अब एक ट्रैजिक लव-ट्रायंगल का रूप ले चुकी है, जिसमें पत्नी ने प्रेमी के लिए अपने पति को मौत के घाट उतरवा दिया। हनीमून की आड़ में हुई यह हत्या न केवल दिल दहला देने वाली है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि कैसे व्यक्तिगत संबंधों की उलझनें अपराध में तब्दील हो सकती हैं।
पुलिस इस मामले की आगे की जांच में जुटी है और अब यह देखना दिलचस्प होगा कि अदालत में यह केस किस मोड़ पर पहुंचता है। इस केस ने समाज को झकझोर कर रख दिया है और यह सवाल खड़ा कर दिया है — क्या रिश्ते अब सिर्फ दिखावे की चीज़ बनकर रह गए हैं?
