गुजरात में बिपरजॉय चक्रवात तूफान – एनडीआरएफ और भारतीय नौ सेना हुई तैनात, 75 हजार लोग किये शिफ्ट
भारतीय मौसम विज्ञानं विभाग (आईएमडी )के अनुसार आज 15 जून को बिपरजॉय चक्रवात तूफान मांडवी और कराची के बीच गुजरात के जखाऊ पोर्ट से टकरा सकता है। गुजरात में भारी तबाही को देखते हुए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय पुलिस के अलावा भारतीय नौसेना भी तैनात हो गयी है। गुजरात सरकार ने कहा है कि करीब 75 हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया है। तूफान का असर मुंबई में भी देखा जा सकता है।
गुजरात में सोमनाथ और द्वारकाधीश मंदिरों को बंद कराया गया
बिपरजॉय चक्रवात तूफान से होने वाली तबाही की आशंका को देखते हुए तटीय इलाकों में स्थित मंदिरों और सार्वजनिक स्थलों को अस्थायी तौर पर बंद करा दिया गया है। गुजरात के दो प्रशिद्ध मंदिर द्वारका का द्वारकाधीश मंदिर और सोमनाथ जिले का सोमनाथ मंदिर गुरुवार को श्रद्धालुओं के लिए बंद रहेंगे।
भारी बारिश होने की वजह से बाढ़ की संभावनाएं
बिपरजॉय चक्रवात तूफान के दौरान 125 से 135 किलोमीटर की गति से हवाएं चल सकती है। हवाओं की ये गति 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक भी जा सकती है। भारतीय मौसम विज्ञानं विभाग ने बिपरजॉय तूफान के चलते तेज आंधी और भारी बारिश की आशंका भी जतायी है। गुजरात के कच्छ, द्वारका, जामनगर और मोरबी के निचले इलाकों में भारी बारिश से बाढ़ की संभावना भी है।
शिफ्ट किये लोगों के लिए किये तमाम इंतज़ाम
बिपरजॉय तूफान के चलते गुजरात सरकार ने 8 जिलों से लगभग 75000 लोगों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट किया है। वहां पर सरकार ने उन लोगों के लिए रहने, खाने-पीने, दवाओं और अन्य जरूरतों का इंतज़ाम किया है।
सरकार द्वारा दी गयी विज्ञप्ति अनुसार कच्छ जिले से करीब 34300 लोगों को, जामनगर से करीब 10000 लोगों को, द्वारका से करीब 5035 लोगों को, मोरबी से करीब 9243 लोगों को, राजकोट से करीब 6089 लोगों को, जूनागढ़ से करीब 4604 लोगों को, पोरबंदर से करीब 3469 लोगों को, सोमनाथ से करीब 1605 लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया है।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सेना प्रमुखों से की बात
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने बुधवार को तीनो सेना के प्रमुखों से बातचीत की और बिपरजॉय तूफान के प्रभाव से निपटने के लिए सशस्त्र बलों की तैयारी की समीक्षा की और तमाम निर्देश दिए। बिपरजॉय तूफान को लेकर एनडीआरएफ की 15, एसडीआरएफ की 12, राज्य सड़क एव भवन विभाग की 115 और बिजली विभाग की 397 टीमें विभिन्न तटीय जिलों में तैनात की गयी हैं।
